उत्तर प्रदेश के लाखों शिक्षामित्रों और अनुदेशकों के लिए एक बहुत बड़ी खुशखबरी सामने आ रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधानसभा में संबोधन के दौरान राज्य के शिक्षा कर्मियों के मानदेय में भारी वृद्धि के संकेत दिए हैं।
मुख्य घोषणाएं: क्या-क्या बदला?
मुख्यमंत्री के हालिया संबोधन के अनुसार, शिक्षा विभाग में कार्यरत विभिन्न पदों के मानदेय और सुविधाओं में निम्नलिखित बदलाव प्रस्तावित हैं:
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पद/क्षेत्र |
वर्तमान स्थिति |
नई घोषणा (प्रस्तावित) |
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शिक्षामित्र मानदेय |
₹10,000 |
₹18,000 |
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अनुदेशक मानदेय |
- |
₹17,000 |
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कस्तूरबा गांधी विद्यालय |
बजट आवंटन |
₹580 करोड़ |
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पंचायत स्तर |
बुनियादी सुविधा |
शॉपिंग मॉल की सुविधा |
सेंटर बनेगा यूपी का 'गेम चेंजर'
सीएम योगी ने यह भी स्पष्ट किया कि उत्तर प्रदेश को तकनीकी रूप से सशक्त बनाने के लिए डेटा सेंटर की स्थापना की जा रही है।
- यह प्रोजेक्ट साल 2030 तक बनकर तैयार हो जाएगा।
- इसे यूपी की अर्थव्यवस्था और रोजगार के लिए एक 'गेम चेंजर' माना जा रहा है।
शिक्षामित्रों के लिए क्यों है यह खास?
पिछले काफी समय से उत्तर प्रदेश के शिक्षामित्र अपने मानदेय को बढ़ाने की मांग कर रहे थे। ₹8,000 की सीधी बढ़ोतरी उनके जीवन स्तर में सुधार लाने और आर्थिक तंगी को दूर करने में एक मील का पत्थर साबित होगी।
नोट: विधानसभा में दिए गए इस संबोधन के बाद अब जल्द ही इसके आधिकारिक शासनादेश (Official Order) जारी होने की उम्मीद है।
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